बीडीओ वायरल होते ही रात्रि में जेसीबी मशीन से कराया गया दुरुस्त
रतन लाल आर्य
जौनपुर। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र नौपेड़वा में मेडिकल वेस्ट के निस्तारण में गंभीर लापरवाही सामने आई है। अस्पताल परिसर में उपयोग की गई मेडिकल सिरिंज, इंजेक्शन की सूइयां और अन्य जैव-चिकित्सा (बायोमेडिकल) कचरा खुले में फेंका जा रहा है। इससे संक्रमण फैलने की आशंका के साथ अस्पताल की कार्यप्रणाली पर भी गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। मौके पर बिखरे मेडिकल कचरे में बड़ी संख्या में इस्तेमाल की गई सिरिंजें, दवाओं के खाली डिब्बे और प्लास्टिक अपशिष्ट पड़े मिले। उधर बीते शुक्रवार को अस्पताल परिसर की खामियों का बीडीओ वायरल होते ही रात्रि में अस्पताल प्रबंधन द्वारा जेसीबी मशीन से दुरुस्त करा दिया गया।खतरनाक बायोमेडिकल कचरे का वैज्ञानिक तरीके से निस्तारण नहीं किया जा रहा है। खुले में पड़े इस कचरे के संपर्क में आने से आम नागरिकों, बच्चों और आवारा पशुओं के संक्रमित होने का खतरा बना हुआ है। स्वास्थ्य विशेषज्ञों की माने तो इस्तेमाल की गई संक्रमित सूइयों से एचआईवी, हेपेटाइटिस-बी सहित कई गंभीर संक्रमण फैलने की आशंका प्रबल रहती है। इसके अलावा कुत्ता काटने के मरीजों के उपचार में प्रयुक्त रेबीज वैक्सीन की सूइयां भी खुले में पड़ी मिलीं, जो लापरवाही की गंभीरता को और बढ़ाती हैं। स्थानीय लोगों ने इस पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच कर जिम्मेदार अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। साथ ही अस्पताल परिसर में बायोमेडिकल वेस्ट के सुरक्षित निस्तारण की व्यवस्था तत्काल सुनिश्चित करने की अपील की है।
अधीक्षक ने उल्टे ही दर्ज कराया मुकदमा
बक्शा: सीएचसी अस्पताल परिसर में सुईयों एवं कचरा का बीडीओ वायरल होते ही अधीक्षक द्वारा बक्शा थाने पर बीडीओ व फोटो बनाने वाले के खिलाफ सरकारी कार्य में बांधा डालने के आरोप लगा उल्टे ही मुकदमा दर्ज करा दिया है। शनिवार को अस्पताल पहुँचे विवेचक ने घटना की पूरी जानकारी ली। अस्पताल अधीक्षक डॉ. जीके सिंह ने पुलिस को दिए तहरीर में आरोप लगाया कि नौपेड़वा बाजार निवासी पत्रकार सूरज जायसवाल अस्पताल पहुँच स्टापकर्मियो से वाद-विवाद कर सरकारी कार्य में बांधा डालते हुए फोटो व बीडीओ बनाये। उन्होंने आरोप लगाया कि सूरज मुझसे भी वाद-विवाद कर लिए। उधर सूरज जायसवाल ने बताया कि मैं सिरिंज आदि का बीडीओ बनाकर अधीक्षक का वर्जन लेने गया था जहां मेरे साथ अभद्रता की गई।

