निर्भय सक्सेना
बरेली। बारहवें अन्तर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर स्पोर्टस स्टेडियम में जनपद स्तरीय योगाभ्यास का कार्यक्रम हुआ। इसके अलावा आई वी आर आई, मानव सेवा क्लब, शिक्षण संस्थानों एवं जिला जेल में भी योग दिवस पर कार्यक्रम हुए। स्टेडियम में हुए योग दिवस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि मन्त्री पशुधन एवं दुग्ध विकास धर्म पाल सिंह विशेष अतिथि नोडल अधिकारी बरेली प्रमुख सचिव सौरभ बाबू का स्वागत जिलाधिकारी द्वारा किया गया। महापौर डा उमेश गौतम, अध्यक्ष जिला पंचायत रश्मि पटेल, सांसद छत्र पाल सिंह गंगवार का स्वागत मुख्य विकास अधिकारी द्वारा किया गया। विधायक डा राघवेन्द्र शर्मा विधायक संजीव अग्रवाल, श्रुति गंगवार अध्यक्ष अर्बन कोआपरेटिव बैंक तथा अन्य सभी गणमान्य व्यक्तियों का स्वागत क्षेत्रीय आयुर्वेदिक एवं यूनानी अधिकारी बरेली डा अजय पाल सिंह द्वारा किया गया।
भगवान धन्वन्तरि एवं योग प्रवर्तक पतंजलि के चित्र पर मुख्य अतिथि धर्म पाल सिंह मन्त्री पशुधन एवं दुग्ध विकास, सौरभ बाबू प्रमुख सचिव ग्राम्य विकास, माननीय डा उमेश गौतम, जिला पंचायत अध्यक्ष रश्मि पटेल, सांसद छत्रपाल सिंह गंगवार, विधायक डा राघवेन्द्र शर्मा, विधायक संजीव अग्रवाल, जिलाधिकारी अविनाश सिंह, मुख्य विकास अधिकारी देवयानी तथा क्षेत्रीय आयुर्वेदिक एवं यूनानी अधिकारी डा अजय पाल सिंह द्वारा माल्यार्पण कर दीप प्रज्जवलन किया गया। सभी योगाभ्यासियों एवं अतिथियों द्वारा प्रधान मन्त्री का लाइव प्रसारण सुना एवं देखा गया। प्रधान मन्त्री के उद्बोधन के उपरान्त नित्या शर्मा योग प्रशिक्षक द्वारा यौगिक क्रियाओं के बारे में संक्षिप्त जानकारी देते हुए योगा प्रोटोकाल के अनुसार योगाभ्यास कराया गया जिसके अन्तर्गत सर्व प्रथम सूक्ष्म व्यायाम, ताड़ासन, पवन मुक्तासन, वज्रासन, सर्वांगासन एवं प्राणायाम आदि कराये गये साथ ही साथ उनके लाभ भी बताये गये। मन्त्री धर्म पाल सिंह द्वारा अपने उद्बोधन में कहा कि कैसे योग से रोगों का विनाश करते हुए, लम्बी आयु प्राप्त की जा सकती है एवं नित्य योग करने से स्वास्थ्य लाभ के बारे में बताया तथा योग क्रियाओं के सम्बन्ध में जानकारी दी। अध्यक्ष जिला पंचायत रश्मि पटेल, छत्रपाल गंगवार माननीय सांसद एवं नोडल अधिकारी सौरभ बाबू ने अपने उद्बोधन में स्वास्थ्य के प्रति योग के महत्व को बताया ।
योगाभ्यास के उपरान्त कार्यक्रम के मुख्य अतिथि मन्त्री धर्म पाल सिंह ने योग सप्ताह के अन्तर्गत स्लोगन, योगासन योग चित्रकला प्रतियोगिता के विजेताओं को प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया।
कार्यक्रम का संचालन डा मनोज कुमार द्वारा किया गया। कार्यक्रम में 32 सौ योगाभ्यासियों द्वारा योग किया गया। जनपद के सभी चिकित्सालयों, ग्राम पंचायतों, शैक्षिक संस्थानों व आवासीय सोसाइटीज व विभिन्न स्थानों पर योगाभ्यास का कार्यक्रम आयोजित किये गये।
कार्यक्रम के सफल आयोजन के लिए जिलाधिकारी अविनाश सिंह द्वारा आभार व्यक्त करते हुए कहा गया कि प्राचीन भारतीय ज्ञान पर आधारित योग अब ग्लोबल मूवमेन्ट ही नहीं है बल्कि यह हमारी जिन्दगी में सन्तुलन, शान्ति और सकारात्मकता लाता है। योग अभ्यास से हमें बेहतर आदतें, सकारात्मक सोच और एक स्वस्थ जीवन शैली अपनाने में मदद मिलती है।
कार्यक्रम में डा मंजू सिंह जिला होम्योपैथिक चिकित्साधिकारी, डा कुर्रतुल एन जैहरा जैदी क्षेत्रीय यूनानी अधिकारी, बरेली के साथ ही जनपद स्तरीय अधिकांश अधिकारी गण उपस्थित रहे एवम् साथ ही सभी ने योगाभ्यास किया।
इस कार्यक्रम में विशेष योग दान के लिए डा उमेश चन्द्र, डा विश्वजीत त्रिपाठी, डा बन्दना मिश्रा डा संजीव पटेल, डा विवेक कुमार मिश्रा, डा जितिन, डा तपिश माहेश्वरी, डा मनोज कुमार, डा संजीव सिंह, डा अमरीश अवस्थी, सुनील गंगवार को मुख्य अतिथि धर्मपाल सिंह द्वारा प्रशस्ति प्रत्र देकर सम्मानित किया गया।
योगाभ्यास भूपेश सिंह पाल वर्णिका शुक्ला, अंजली चौधरी, अनुश्का मिश्रा, आदित्य कुमार, राहुल द्विवेदी, गरिमा सिंह, सुनीत मिश्रा आदि द्वारा कराया गया।
कार्यक्रम में गंगाशील आयुर्वेदिक कालेज फ्यूचर आयुर्वेदिक कालेज, एक गूंज सेवा समिति, ब्रहाकुमारी,
पतन्जलि योग संस्थान, नागरिक सुरक्षा, एन सी सी का भी योगदान रहा ।
आई सी ए आर- भारतीय पशु चिकित्सा अनुसंधान संस्थान में भी योग कार्यक्रम में वैज्ञानिकों, अधिकारियों, कर्मचारियों, विद्यार्थियों एवं शोधार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए योगाभ्यास किया तथा स्वस्थ एवं संतुलित जीवनशैली अपनाने का संकल्प लिया। कार्यक्रम में संस्थान महिला क्लब की सदस्याओं ने भी उत्साहपूर्वक भाग लिया।
डॉ. एस. के. सिंह, संयुक्त निदेशक (शोध) ने अपने संबोधन में कहा कि योग भारत की प्राचीन ज्ञान परंपरा की अमूल्य धरोहर है, जिसे आज सम्पूर्ण विश्व ने अपनाया है।
डॉ. एस. के. मेहंदीरत्ता, संयुक्त निदेशक (शैक्षणिक) ने अपने संबोधन में कहा कि योग न केवल शारीरिक स्वास्थ्य को सुदृढ़ करता है, बल्कि मानसिक एकाग्रता, आत्मविश्वास एवं कार्यक्षमता को भी बढ़ाता है।
भारती योगा संस्थान बरेली के योगाचार्य बृहमानंद भारती ने योग की शुरूआत की तथा ताड़ आसन, वृक्ष आसन, अर्द्धचक्रासन, बृजासन, शशांक आसन, पर्वत आसन, भद्रासन, मकरासन, भुजंग आसन, शलभ आसन, द्विचक्रीय आसन पादग्रस्थ आसन पवनमुक्ताशन सेतुबन्ध आसन मर्कट एवं शवासन आदि आसनों को करवाया। इसके साथ ही प्राणायाम भी करवाये।
प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय की प्रभा जी ने अपने आध्यात्मिक उद्बोधन में कहा कि मनुष्य केवल शरीर नहीं, बल्कि एक चेतन आत्मा है, जिसका वास्तविक संबंध परमपिता परमात्मा से है। उन्होंने बताया कि आत्मा मन, बुद्धि और संस्कार से युक्त है तथा राजयोग और ध्यान के माध्यम से परमात्मा से जुड़कर प्रेम, शांति, सुख और आनंद जैसे दिव्य गुणों को प्राप्त कर सकती है।
कार्यक्रम का संचालन प्रधान वैज्ञानिक डॉ जे के प्रसाद तथा धन्यवाद ज्ञापन आयोन तरफदार द्वारा किया गया। इस अवसर डा. प्रवीण कुमार, डा. हीरा राम, डा. अभिजीत पावडे़, डा. एस के साहा सहित बरेली मौसम विभाग के रवि अग्रवाल सहित संस्थान के वैज्ञानिकों, अधिकारियों तथा कर्मचारियों ने भाग लिया। जिला जेल परिसर में जेल अधीक्षक आलोक शुक्ला ने योगा दिवस पर स्टाफ एवं बंदियों के साथ योग किया एवं योग से निरोग रहने का संदेश दिया। मानव सेवा क्लब के डी डी पुरम के पार्क में प्रकाश चन्द्र ने योग कराया। सुरेन्द्र बीनू सिन्हा, अभय भटनागर, डॉ एम एम अग्रवाल, ए एल गुप्ता, राहुल शर्मा, सुनील शर्मा, वेद प्रकाश कातिब, डी डी शर्मा, अरुणा सिन्हा, किरण प्रजापति आदि उपस्थित रहे। जिला इको क्लब प्रभारी
व्यावसायिक शिक्षा प्रवक्ता विष्णु इंटर कॉलेज, प्रवीन शर्मा ने 21 वे अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस पर कहा कि युवा और बुजुर्गों के लिए योग स्वस्थ जीवन का आधार है। आज की भागदौड़ भरी जीवनशैली में तनाव, उच्च रक्तचाप (ब्लड प्रेशर), मधुमेह (शुगर), मोटापा, अनिद्रा तथा हृदय रोग जैसी समस्याएं तेजी से बढ़ रही हैं। ऐसे समय में योग केवल एक व्यायाम नहीं, बल्कि स्वस्थ, संतुलित और सुखमय जीवन जीने की एक संपूर्ण जीवन पद्धति है। जी आर एम स्कूल में भी रजनीश द्वारा योग दिवस पर कार्यक्रम किया गया। इस अवसर पर विद्यालय के प्राचार्य रणवीर सिंह रावत एवं जूनियर विंग की समन्वयक विनीता सक्सेना सहित विद्यालय के सभी शिक्षक उपस्थित रहे। सभी शिक्षकों ने उत्साहपूर्वक योगाभ्यास में भाग लिया और दैनिक जीवन में योग को अपनाने का संकल्प लिया।
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