संशोधित मोटर वाहन अधिनियम 1989 के तहत अधिसूचना जारी - इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों का इस्तेमाल कर चालान अब उल्लंघन के 15 दिन भीतर जारी होगा | #NayaSaberaNetwork

संशोधित मोटर वाहन अधिनियम 1989 के तहत अधिसूचना जारी - इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों का इस्तेमाल कर चालान अब उल्लंघन के 15 दिन भीतर जारी होगा | #NayaSaberaNetwork


नया सबेरा नेटवर्क
इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों से मोटर वाहन अधिनियम 1989 के चालान की निगरानी होगी - नागरिकों को सावधानी बरतनी होगी उल्लंघन के 15 दिन भीतर चालान घर पहुंचेगा - एड किशन भावनानी
गोंदिया - भारत में डिजिटलाइजेशन का तीव्र गति से विकास हो रहा है। कुछ महीनों से हम देख रहे हैं कि हर क्षेत्र में पूर्णत डिजिटलाइजेशन किया जा रहा है। जिस से मैन्युअल काम समाप्त होते जा रहा है। कुछ दिनों पूर्व ही ई-रूपी की योजना शुरू की गई थी जिसमें जिस कार्य के लिए अनुदान दिया जा रहा है, रुपए उसी कार्यमें लगा इसका डिजिटल तरीके से पता चल जाएगा। अब गुरुवार दिनांक 19 अगस्त 2021 को जानकारी आई कि भारत सरकार के सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय द्वारा 17 अगस्त 2021 को भारत के राजपत्र में अधिसूचना जारी कर संशोधित मोटर वाहन अधिनियम 1989, को 12 पृष्ठों में जारी किया, जिसमें 132 शहर शामिल हैं और आबादी 10 लाख़ से अधिक वाले शहरों में सड़क सुरक्षा की इलेक्ट्रॉनिक मानिटरिंग और प्रवर्तन, नियम 167 (क) के अंतर्गत लागू कर दिया गया है। उल्लेखनीय है कि इस संशोधन नियम का ड्राफ्ट सरकार द्वारा 25 फरवरी 2021 को जारी किया गया था और 30 दिनों की अवधि के भीतर जनता से आक्षेप मंगाए गए थे। अब इस प्रक्रिया के बाद यह कानून लागू हो गया है...। साथियों बात अगर हम इस कानून की करें तो अब नागरिकों को अपना वाहन चलाते समय, नियम वमेंटेन करते समय बहुत ही चौकन्ना रहना होगा। क्योंकि उनकी निगरानी अब इलेक्ट्रॉनिक संयंत्र उपकरण करेंगे और कानून के पालन में जरा सी भी चूक हुई तो हर्जाने के लिए निर्धारित धनराशि का चालान 15 दिनों के भीतर आपके घर पहुंच जाएगा और चालान के निपटारे तक इलेक्ट्रॉनिक रिकॉर्ड को सुरक्षित रखा जाएगा।...साथियों बात अगर हम कानून के लागू करने में इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के उपयोग की तरह तो 12 पृष्ठों में जारी की गई अधिसूचना और पीआईबी की प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार उन्हें इस तरह लागू किया जाएगा कि यातायात देखने में, संचालन में, नागरिकों को बाधा नहीं होगी जिसमें निम्नलिखित नियम-उल्लंघन के लिये इन इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों का इस्तेमाल किया जा सकता है, जिनकी फुटेज में स्थान, तिथि और समय दर्ज हो।इनका उपयोग चालान जारी करने में किया जायेगा। (1)-निर्धारित गति-सीमा के दायरे में वाहन नहीं चलाना (धारा 112 और 183), (2)- अनधिकृत स्थान पर वाहन रोकना या पार्क करना (धारा 122), (3)-वाहन चालक और पीछे बैठी सवारी के लिये सुरक्षा का ध्यान न रखना (धारा 128), (4)- हेलमेट न पहनना (धारा 129), (5)-लाल-बत्ती पार करना, रुकने के संकेत का पालन न करना, वाहन चलाते समय मोबाइल फोन का इस्तेमाल करना, कानून का पालन न करते हुये अन्य वाहनोंसे आगे निकलना या उन्हें ओवरटेक करना, यातायात की विपरीत दिशा में वाहन चलाना, वाहन को इस तरह चलाना, जिसकी अपेक्षा एक सावधान और होशियार चालक से नहीं की जा सकती और उस होशियार चालक को यह भान हो कि ऐसा करना खतरनाक हो सकता है। (धारा 184), (6)- निर्धारित वजन से अधिक भार लेकर गाड़ी चलाना (धारा 194 की उपधारा-1), (7)- बिना सेफ्टी- बेल्ट के गाड़ी चलाना (धारा 194बी), (8)-मोटर वाहन (चालक) नियम, 2017 (धारा 177ए) के नियम 6 (अपनी लेन में गाड़ी चलाना) की अवहेलना, (9)- माल ढोने वाले वाहनों में सवारी बैठाना (धारा 66), (10)-मोटर वाहन (चालक) नियम, 2017 (धारा 117ए) के नियम 36 (गाड़ी की नंबर प्लेट के विषय में) की अवहेलना; ऐसे वाहन को चलाना,जिसमें माल इस तरह भरा गया हो कि वह दोनों तरफ या आगे या पीछे या ऊपर की तरफ निकला हो तथा जो निर्धारित सीमा से अधिक हो (धारा 194 की उपधारा-1ए), (11)-आपातकालीन वाहनों को निकलने का रास्ता देने में कोताही करना (धारा 194ई)। नियम 167 के तहत जारी होने वाले सभी चालान इलेक्ट्रॉनिक स्वरूप में होंगे और यातायात नियमों का उल्लंघन होते ही वे इलेक्ट्रॉनिक निगरानी तथा कानून-पालन प्रणाली के जरिये अपने-आप तैयार हो जायेंगे।उनमें निम्नलिखित सूचना दर्ज रहेगी। 1)यातायात नियम का उल्लंघन करने का ब्योरा और वाहन की नंबर प्लेट की फोटो सबूत के तौर पर दर्ज होगी। 2)कानून लागू कराने वाले इलेक्ट्रॉनिक उपकरण से पैमाइश, 3) नियम-उल्लंघन की तिथि, समय और स्थान। 4) अधिनियम के जिस प्रावधान का उल्लंघन किया गया है, नोटिस में उसका हवाला। 5)भारतीय साक्ष्य अधिनियम 1872 (1872 का 1) की धारा 65बी की उपधारा (4) के अनुपालन में लिखित साक्ष्य, जिसमें-a. इलेक्ट्रॉनिक रिकॉर्ड की पहचान दर्ज होगी उसे तथा प्रस्तुत करने के तरीके का विवरण होगा, b. उस इलेक्ट्रॉनिक रिकॉर्ड में उल्लंघन पकड़ने वाले उपकरण का विवरण होगा, जिससे पता चलेगाकि वह इलेक्ट्रॉनिक रिकॉर्ड कंप्यूटर से स्वमेव तैयार हुआ है।...साथियों बात अगर हम राज्य सरकारों की करें तो अधिनियम के अनुसार, राज्य सरकारें यह सुनिश्चित करेंगी कि यातायात कानूनोंका पालन करानेवाले सभी इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों को राष्ट्रीय राजमार्गों और राज्य राजमार्गों के अति जोखिम तथा अति व्यस्त रास्तों पर लगाया जाए। इसके अलावा कम से कम उन सभी प्रमुख शहर के महत्वपूर्ण चौराहों-गोल चक्करों पर इन उपकरणों को लगाया जाए, जिन शहरों की आबादी दस लाख से अधिक हो। इसमें 132 शहरों का विवरण शामिल है। अतः अगर हम उपरोक्त पूरे विवरण का अध्ययन कर उसका विश्लेषण करें तो हम पाएंगे के संशोधित मोटर वाहन अधिनियम 1989 के तहत जो अधिसूचना जारी की गई है, उसमे इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों का इस्तेमाल कर मैन्युअल कार्य के स्थान पर इलेक्ट्रॉनिक चौकसी की जाएगी तथा उल्लंघन के 15 दिन के भीतर चालान नागरिकों के घर पहुंचा कर वसूली की जाएगी। अब नागरिकों को को अति सावधान रहने की जरूरत है।
संकलनकर्ता कर विशेषज्ञ- एडवोकेट किशन सनमुखदास भावनानी गोंदिया महाराष्ट्र

*प्रवेश प्रारम्भ : मो० हसन पी.जी. कालेज, जौनपुर | स्व. नूरुद्दीन खाँ एडवोकेट गर्ल्स डिग्री कालेज, अफलेपुर मल्हनी बाजार, जौनपुर | सत्र 2021-22 में प्रवेश प्रारम्भ - सीमित सीटें (बीए, बीएससी, बीकाम एवं एमए, एमएससी, एमकाम) पूर्वांचल वि.वि. में संचालित सभी पाठ्यक्रम | न्यू कोर्स स्नातक स्तर पर - संगीत- तबला, सितार एवं बीबीए स्नातकोतर स्तर पर – बायोकमेस्ट्री, माइकोबाइलॉजी एवं कम्प्यूटर साइंस | शुल्क- अत्यन्त कम एवं दो किस्तों में जमा की जा सकती है| 1- भव्य प्रयोगशाला, 2- योग्य प्राध्यापक, 3- कीड़ा स्थल | सभी विषयों में ऑनलाइन/आफलाइन कक्षाएं 05 जुलाई 2021 से प्रारम्भ कर दी जायेगी. अधिक जानकारी के लिए निम्न नम्बर पर सम्पर्क करें (05452-268500) 9415234384, 9336771720, 7379960609*
Ad

*Ad : जौनपुर टाईल्स एण्ड सेनेट्री | लाइन बाजार थाने के बगल में जौनपुर | सम्पर्क करें - प्रो. अनुज विक्रम सिंह, मो. 9670770770*
Ad


*एस.आर.एस. हॉस्पिटल एवं ट्रामा सेन्टर स्पोर्ट्स सर्जरी डॉ. अभय प्रताप सिंह (हड्डी रोग विशेषज्ञ) आर्थोस्कोपिक एण्ड ज्वाइंट रिप्लेसमेंट ऑर्थोपेडिक सर्जन # फ्रैक्चर (नये एवं पुराने) # ज्वाइंट रिप्लेसमेंट सर्जरी # घुटने के लिगामेंट का बिना चीरा लगाए दूरबीन # पद्धति से आपरेशन # ऑर्थोस्कोपिक सर्जरी # पैथोलोजी लैब # आई.सी.यू.यूनिट मछलीशहर पड़ाव, ईदगाह के सामने, जौनपुर (उ.प्र.) सम्पर्क- 7355358194, Email : srshospital123@gmail.com*
Ad



from Naya Sabera | नया सबेरा - No.1 Hindi News Portal Of Jaunpur (U.P.) https://ift.tt/3y4R7td


from NayaSabera.com

Comments